Budgerigar
Budgerigar Baby Care: बजरीगर के छोटे बच्चे को कमजोर देखकर कई लोग तुरंत उसे दूध, रोटी, फल या घर का बना कोई मिश्रण खिलाने लगते हैं। लेकिन नवजात बजरीगर का पाचन तंत्र बेहद संवेदनशील होता है और गलत खाना या गलत तरीके से खिलाना उसके लिए खतरनाक हो सकता है। कमजोर चूजे के मामले में सबसे पहले यह पता करना जरूरी है कि उसे माता-पिता पर्याप्त खाना खिला रहे हैं या नहीं और कमजोरी का कारण क्या है।
बजरीगर का बच्चा कमजोर क्यों हो सकता है?
बजरीगर का चूजा कमजोर होने के कई कारण हो सकते हैं। कई बार वह अंडों में सबसे बाद में निकलता है और बड़े भाई-बहनों की तुलना में छोटा रह जाता है। घोंसले में भोजन के लिए प्रतिस्पर्धा भी उसकी ग्रोथ को प्रभावित कर सकती है। इसके अलावा संक्रमण, पाचन संबंधी समस्या, शरीर का तापमान कम होना या पर्याप्त भोजन न मिलना भी कमजोरी की वजह हो सकता है।
सबसे पहले देखें कि माता-पिता उसे खिला रहे हैं या नहीं
अगर बच्चा माता-पिता के साथ है, तो तुरंत उसे अलग करके हाथ से खाना शुरू न करें। पहले देखें कि माता-पिता नियमित रूप से उसे खिला रहे हैं या नहीं। चूजे की फसल यानी क्रॉप (crop) में खाना भरा हुआ दिखाई देना इस बात का संकेत हो सकता है कि उसे भोजन मिल रहा है।
अगर कमजोर बच्चा लगातार भूखा दिखाई दे, उसका क्रॉप खाली रहे या वह दूसरे चूजों की तुलना में लगातार पीछे रह रहा हो, तो पक्षियों के इलाज में अनुभवी पशु चिकित्सक से सलाह लेना बेहतर है।
कमजोर बजरीगर के बच्चे को क्या खिलाएं?
अगर माता-पिता बच्चे को पर्याप्त भोजन नहीं दे पा रहे हैं और हाथ से खिलाना जरूरी हो जाता है, तो सामान्यतः व्यावसायिक बेबी-बर्ड/हैंड-रीयरिंग फॉर्मूला सबसे सुरक्षित विकल्प माना जाता है। इसे चूजे की उम्र और प्रजाति के अनुसार तैयार किया जाता है। हाथ से पालन की प्रक्रिया अनुभवी ब्रीडर या एवियन वेटरिनरी डॉक्टर की सलाह से करना बेहतर है।
1. कमर्शियल हैंड-फीडिंग फॉर्मूला
बजरीगर के बच्चे के लिए बनाया गया अच्छी गुणवत्ता वाला हैंड-फीडिंग फॉर्मूला दिया जा सकता है। इसे पैकेट पर दिए निर्देशों के अनुसार तैयार करें। अलग-अलग फॉर्मूलों में पानी और पाउडर का अनुपात अलग हो सकता है, इसलिए एक ही अनुपात सभी उत्पादों पर लागू नहीं होता।
2. फॉर्मूला बहुत गर्म या ठंडा न हो
हैंड-फीडिंग फॉर्मूला का तापमान बहुत महत्वपूर्ण है। बहुत गर्म भोजन चूजे के क्रॉप को जला सकता है, जबकि गलत तापमान या गलत तरीके से तैयार किया गया भोजन पाचन संबंधी परेशानी पैदा कर सकता है। तापमान थर्मामीटर से जांचना बेहतर है।
3. हर बार ताजा खाना तैयार करें
बचे हुए फॉर्मूले को अगली फीडिंग में इस्तेमाल न करें। हर बार साफ बर्तन और साफ फीडिंग उपकरण का इस्तेमाल करें। हाथ से पालन में स्वच्छता बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि गंदे उपकरणों से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
क्या कमजोर बच्चे को दूध और रोटी दे सकते हैं?
नहीं, इसे नियमित भोजन के तौर पर देने से बचें। नवजात बजरीगर की पोषण संबंधी जरूरतें उम्र के अनुसार अलग होती हैं और उसे संतुलित बेबी-बर्ड फॉर्मूला की जरूरत हो सकती है। घर पर मनमाने तरीके से बनाए गए मिश्रण में जरूरी पोषक तत्वों का सही संतुलन नहीं हो सकता।
क्या फल या बीज खिला सकते हैं?
बहुत छोटे या कमजोर चूजे को सामान्य वयस्क बजरीगर की तरह बीज, फल या सब्जियां खिलाना सही नहीं है। जैसे-जैसे बच्चा बड़ा होता है और खुद खाना सीखना शुरू करता है, तब उम्र के अनुसार नरम खाद्य पदार्थ और बाद में उपयुक्त पेलेट/बीज धीरे-धीरे डाइट में शामिल किए जा सकते हैं। बजरीगर की पूरी डाइट केवल बीजों पर आधारित नहीं होनी चाहिए।
हाथ से खाना खिलाते समय सबसे बड़ी गलती न करें
कमजोर चूजे को जबरदस्ती खाना खिलाना खतरनाक हो सकता है। अगर बच्चा मजबूत फीडिंग रिस्पॉन्स नहीं दिखा रहा है, तो सिरिंज से जबरदस्ती फॉर्मूला डालने की कोशिश न करें। खाना सांस की नली में जाने पर एस्पिरेशन हो सकता है, जिससे गंभीर बीमारी या मौत तक का खतरा रहता है।
इसी कारण पहली बार हाथ से फीडिंग करने वाले व्यक्ति को एवियन वेटरिनरी डॉक्टर या अनुभवी ब्रीडर से तकनीक सीखनी चाहिए।
बच्चे को गर्म रखना भी जरूरी है
कमजोर और बहुत छोटे चूजे अपने शरीर का तापमान अच्छी तरह नियंत्रित नहीं कर पाते। बहुत ठंडा होने पर वह सुस्त हो सकता है और खाना पचाने में भी परेशानी हो सकती है। वहीं ज्यादा गर्मी भी नुकसान पहुंचा सकती है। इसलिए उम्र के अनुसार उचित तापमान और सुरक्षित वातावरण बनाए रखना जरूरी है।
रोज वजन पर नजर रखें
कमजोर चूजे की ग्रोथ पर नजर रखने के लिए रोजाना एक ही समय पर उसका वजन रिकॉर्ड करना उपयोगी हो सकता है। अगर वजन लगातार कम हो रहा है, बच्चा बढ़ नहीं रहा है या वह और ज्यादा सुस्त हो रहा है, तो इसे गंभीर संकेत मानें।
इन लक्षणों में तुरंत डॉक्टर को दिखाएं
अगर बजरीगर के बच्चे में ये लक्षण दिखाई दें, तो जल्द से जल्द एवियन वेटरिनरी डॉक्टर से संपर्क करें:
- बच्चा खाना नहीं ले रहा है
- लगातार बहुत सुस्त है
- वजन कम हो रहा है
- क्रॉप लंबे समय तक खाली या भरा रहता है
- क्रॉप सामान्य तरीके से खाली नहीं हो रहा
- सांस लेने में परेशानी हो रही है
- नाक से खाना या फॉर्मूला निकल रहा है
- लगातार उल्टी या असामान्य मल दिखाई दे रहा है
- शरीर बहुत ठंडा या बहुत गर्म महसूस हो रहा है
धीमी क्रॉप-एम्प्टिंग और खराब ग्रोथ केवल भूख की समस्या नहीं, बल्कि संक्रमण, गलत फॉर्मूला, गलत तापमान या अन्य स्वास्थ्य समस्या का संकेत भी हो सकती है।बजरीगर का बच्चा कमजोर है तो सबसे पहले यह पता करें कि माता-पिता उसे पर्याप्त खाना खिला रहे हैं या नहीं। जरूरत पड़ने पर उम्र के अनुसार उपयुक्त कमर्शियल हैंड-रीयरिंग फॉर्मूला इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन बिना अनुभव के सिरिंज से जबरदस्ती खाना खिलाना खतरनाक हो सकता है। नवजात चूजे को दूध, रोटी या मनमाना घरेलू मिश्रण देने के बजाय विशेषज्ञ की सलाह लेना सबसे सुरक्षित तरीका है।अगर बच्चा लगातार कमजोर है, खाना नहीं खा रहा या उसका वजन नहीं बढ़ रहा है, तो केवल डाइट बदलने के बजाय उसकी स्वास्थ्य जांच कराना जरूरी है।