Pigon Care
Pigon Care: अगर कोई कबूतर बार-बार अपनी आंख बंद कर रहा है या लंबे समय तक आंखें बंद करके बैठा रहता है, तो इसे सिर्फ नींद या आराम समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। कई बार आंख बंद रखना आंखों में परेशानी, संक्रमण, चोट या शरीर में किसी दूसरी बीमारी का संकेत हो सकता है। खासकर अगर कबूतर के साथ सुस्ती, खाना कम करना, आंख से पानी या गंदा पदार्थ निकलना जैसे लक्षण भी दिखाई दें, तो उसकी स्थिति पर ध्यान देना जरूरी है।
आंख में संक्रमण हो सकता है
कबूतर की आंख बंद रहने का एक सामान्य कारण आंखों में संक्रमण हो सकता है। संक्रमण होने पर आंख लाल हो सकती है, उसमें पानी आ सकता है या पलकों के आसपास चिपचिपा पदार्थ दिखाई दे सकता है। कबूतर दर्द या जलन के कारण आंख बंद रख सकता है।
आंख में चोट या कोई बाहरी चीज
कबूतर की आंख में धूल, मिट्टी, छोटा कण या कोई दूसरी बाहरी चीज चली जाने पर भी वह आंख बंद कर सकता है। उड़ते समय किसी वस्तु से टकराने या दूसरे पक्षी से चोट लगने पर भी आंख में दर्द और सूजन हो सकती है।
सांस से जुड़ी बीमारी
कबूतरों में कुछ श्वसन संबंधी समस्याओं के दौरान आंखों और नाक के आसपास भी लक्षण दिखाई दे सकते हैं। अगर आंख बंद रखने के साथ छींक, नाक से पानी, सांस लेने में परेशानी या सुस्ती भी दिखाई दे रही है, तो केवल आंख की समस्या मानकर इलाज नहीं करना चाहिए।
आंखों में जलन
धुआं, धूल, तेज हवा या किसी परेशान करने वाले पदार्थ के संपर्क में आने से कबूतर की आंखों में जलन हो सकती है। ऐसी स्थिति में वह आंखों को बार-बार बंद कर सकता है या पंजे से आंख रगड़ने की कोशिश कर सकता है।
कबूतर कमजोर या बीमार हो सकता है
अगर कबूतर लगातार आंखें बंद करके बैठा रहता है, पंख फुलाए रहता है, खाना-पानी कम कर देता है और सामान्य रूप से सक्रिय नहीं है, तो यह किसी बीमारी या कमजोरी का संकेत हो सकता है। ऐसे में केवल आंख का इलाज करने के बजाय पूरे स्वास्थ्य की जांच जरूरी होती है।
कबूतर की आंख बंद हो तो क्या करें?
सबसे पहले कबूतर को शांत, साफ और धूल-धुएं से दूर जगह पर रखें। उसकी आंख को जबरदस्ती खोलने या रगड़ने की कोशिश न करें। बिना पशु चिकित्सक की सलाह के इंसानों के लिए बनी आई ड्रॉप या एंटीबायोटिक दवा न डालें, क्योंकि गलत दवा से आंख को नुकसान हो सकता है।
अगर आंख में सूजन, खून, चोट, सफेद या पीला डिस्चार्ज दिखाई दे, कबूतर खाना छोड़ दे, सांस लेने में परेशानी हो या वह बहुत सुस्त हो जाए, तो जल्द से जल्द पक्षियों का इलाज करने वाले पशु चिकित्सक से संपर्क करें।
ध्यान रखें: आंख बंद रखना खुद कोई बीमारी नहीं है, बल्कि किसी समस्या का लक्षण हो सकता है। सही कारण पता करने के लिए कबूतर की आंख के साथ उसके व्यवहार, सांस, भूख और बीट में होने वाले बदलावों पर भी नजर रखना जरूरी है।